Charwaha Or Kuty Ka Waqia #storygate #facts

Story Gate623 words

Full Transcript

एक चरवाहे [संगीत] के पास एक कुत्ता था जो कई वर्षों से उसकी भेड़ बकरियों की हिफाजत करता आ रहा था। लेकिन समय के साथ-साथ कुत्ता बूढ़ा होता [संगीत] गया। एक शाम चरवाहे ने अपनी पत्नी से कहा, यह कुत्ता बूढ़ा हो गया है। पहले जैसा काम नहीं कर सकता। [संगीत] कल हम इसे घर से निकाल देंगे। यह बात सुनकर कुत्ते की आंखें भड़ाई। वह धीरे से उठा और चुपचाप घर छोड़कर जंगल की तरफ चल पड़ा। [संगीत] वह एक पेड़ के नीचे उदास बैठा था कि तभी वहां से एक भेड़िया गुजरा। उसने कुत्ते को दुखी बैठा देखा तो पूछा, "इस [संगीत] तरह उदास क्यों बैठे हो? कुत्ते ने उसे पूरी कहानी सुनाई। कैसे उसने उम्र भर चरवाहे की सेवा की? उसकी बकरियों की रक्षा की। मगर अब बूढ़ा [संगीत] होने पर वह उसे निकाल देना चाहता है। भेड़िया कुछ देर सोचने के बाद बोला, फिक्र मत करो, मैं तुम्हें एक [संगीत] तरकीब बताता हूं। कल जब चरवाहा और उसकी बीवी काम में मशरूफ होंगे, तब उनका बच्चा अकेला बैठा होगा। उसी समय मैं आऊंगा और उसे उठाकर भाग जाऊंगा। तुम मेरे पीछे दौड़ना। फिर मैं बच्चा तुम्हें दे दूंगा। जब तुम बच्चा मालिक को वापस करोगे। वे समझेंगे कि तुमने [संगीत] उसकी जान बचाई है। फिर वे कभी तुम्हें घर से नहीं निकालेंगे। कुत्ता बोला ठीक है अगर यही मेरे मालिक के पास रहने का तरीका है तो मैं कल तुम्हारा इंतजार करूंगा। अगले दिन [संगीत] जब चरवाहा और उसकी पत्नी काम में मशरूफ थे और उनका बच्चा अकेला बैठा था उसी समय भेड़िया आया झपट्टा मारा और बच्चे को उठाकर जंगल की तरफ भाग गया। चरवाहे और उसकी पत्नी ने चिल्लाते हुए उसका पीछा किया। लेकिन भेड़िया बहुत दूर [संगीत] निकल गया। इतने में बूढ़ा कुत्ता अपनी पूरी ताकत समेट कर उठा और लंबी सांस लेते [संगीत] हुए भेड़िए के पीछे दौड़ पड़ा। कुछ देर बाद कुत्ता बच्चे को सही सलामत अपने मुंह में उठाए वापस लौट आया। चरवाहे की पत्नी ने बच्चे को सीने से लगा लिया और चरवाहे ने कुत्ते के सिर पर [संगीत] हाथ फेरते हुए कहा इस कुत्ते ने हम पर बहुत बड़ा एहसान किया है। हम इसे कभी घर से नहीं निकालेंगे। अब यह हमेशा हमारे साथ रहेगा। कुत्ते के दिल को सुकून मिला। उसे लगा कि आखिरकार [संगीत] मालिक ने उसकी कदर पहचानी। कुछ दिन बाद वही भेड़िया दोबारा कुत्ते के पास आया और बोला, मैंने जो तुम पर एहसान किया था, अब उसे चुकाने का समय आ गया है। कल मैं तुम्हारे मालिक की एक भेड़ [संगीत] उठा ले जाऊंगा। तुम मेरे पीछे झूठ-मूठ दौड़ना और थोड़ी देर बाद वापस लौट जाना। मैं वह भेड़ ले जाऊंगा। बस यही मेरे एहसान का बदला [संगीत] होगा। कुत्ता बोला, मैं अपने मालिक के साथ धोखा नहीं कर सकता। वे अब मुझ पर भरोसा करते हैं। लेकिन भेड़िया नहीं माना और यह कहकर चला गया। अगले दिन जब चरवाहा अपना रेवड़ चरा रहा था, तभी भेड़िया आया और एक भेड़ को मुंह में दबोच कर [संगीत] भाग गया। यह देखकर चरवाहा घबरा गया और जोर-जोर से चिल्लाने लगा। लेकिन भेड़िया तेजी से घने जंगल में गायब हो गया। बूढ़ा कुत्ता तुरंत उठा और पूरी जान लगाकर भेड़िए के पीछे दौड़ पड़ा। चरवाहा काफी देर तक [संगीत] कुत्ते का इंतजार करता रहा। मगर कुत्ता वापस ना आया। आखिर चिंता में वह उसे ढूंढने निकल पड़ा। काफी तलाश के बाद वह एक जगह पहुंचा तो वहां का दृश्य देखकर हैरान रह गया। भेड़िया और बूढ़ा कुत्ता [संगीत] दोनों मरे पड़े थे और वह भेड़ एक तरफ सही सलामत घास चल रही थी। इंसान ऊपर से चाहे जितने बड़े दावे [संगीत] कर ले पर वफादारी की परीक्षा में अक्सर कमजोर पड़ जाता है। लेकिन कुत्ता तब भी साथ खड़ा रहता है जब पूरी दुनिया पीछे हट जाए। [संगीत]

Need a transcript for another video?

Get free YouTube transcripts with timestamps, translation, and download options.

Transcript content is sourced from YouTube's auto-generated captions or AI transcription. All video content belongs to the original creators. Terms of Service · DMCA Contact

Charwaha Or Kuty Ka Waqia #storygate #facts - YouTube Tra...